एआई और आधुनिक तकनीक के दौर में हिंदी के प्रभावी प्रयोग पर मंथन

एआई और आधुनिक तकनीक के दौर में हिंदी के प्रभावी प्रयोग पर मंथन

डीवीसी डीएसटीपीएस में राजभाषा संगोष्ठी आयोजित

अंडाल :  दामोदर घाटी निगम (डीवीसी) के डीएसटीपीएस, अंडाल में राजभाषा कार्यान्वयन उप-समिति के तत्वावधान में सोमवार को राजभाषा संगोष्ठी का आयोजन किया गया। दिव्यज्योति भवन स्थित प्रशिक्षण कक्ष में आयोजित संगोष्ठी का विषय “आधुनिक कंप्यूटिंग एवं कृत्रिम बुद्धिमत्ता का राजभाषा कार्यान्वयन में अनुप्रयोग” रहा।

कार्यक्रम का शुभारंभ मंगलदीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके बाद हिंदी अधिकारी इस्माईल मियाँ ने स्वागत भाषण प्रस्तुत किया। संगोष्ठी में विषय विशेषज्ञ के रूप में आईआईटी खड़गपुर के वरिष्ठ हिंदी अधिकारी डॉ. राजीव कुमार रावत उपस्थित रहे।

डॉ. रावत ने आधुनिक कंप्यूटिंग और कृत्रिम बुद्धिमत्ता के बढ़ते प्रभाव के बीच राजभाषा हिंदी के कार्यालयीन प्रयोग की संभावनाओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने पावर पॉइंट प्रस्तुति के माध्यम से डिजिटल तकनीक और एआई के विभिन्न पहलुओं को सरल एवं व्यावहारिक तरीके से समझाया। साथ ही, सरकारी एवं कार्यालयीन कार्यों में हिंदी के प्रभावी प्रयोग को तकनीकी संसाधनों से जोड़ने की आवश्यकता पर चर्चा की।

संगोष्ठी में डीवीसी के कार्यपालक निदेशक (ईंधन) सुनील कुमार पांडेय तथा डीएसटीपीएस के मुख्य महाप्रबंधक एवं परियोजना प्रधान अनिल कुमार जैन ने भी अपने विचार रखे। वक्ताओं ने दैनिक कार्यालयीन कार्यों में हिंदी के अधिकाधिक और सहज प्रयोग पर जोर दिया।

सुनील कुमार पांडेय ने हिंदी को कार्यसंस्कृति का स्वाभाविक हिस्सा बनाने का आह्वान किया। वहीं अनिल कुमार जैन ने बदलती तकनीकी व्यवस्था के अनुरूप डिजिटल टूल्स और आधुनिक तकनीक के माध्यम से राजभाषा हिंदी के प्रयोग को अधिक प्रभावी बनाने की आवश्यकता पर बल दिया।

कार्यक्रम में वरिष्ठ महाप्रबंधक सुकदेव खाँ, महाप्रबंधक सत्य रंजन पांडा, विभिन्न अनुभागों के प्रधान, राजभाषा नोडल अधिकारी, कार्मिक एवं अन्य प्रतिभागी उपस्थित रहे।

अंत में उप महाप्रबंधक (मा.सं.) श्रीकांत गेडेला ने धन्यवाद ज्ञापन किया। इसके साथ ही संगोष्ठी का समापन हुआ।

What's Your Reaction?

like
2
dislike
0
love
0
funny
0
angry
0
sad
0
wow
0