डीएसटीपीएस को मिला राजभाषा द्वितीय पुरस्कार, प्रेमचंद जयंती पर सम्मानित हुए उत्कृष्ट प्रतिभाग
प्रेमचंद जयंती समारोह में साहित्य, राजभाषा और उत्कृष्ट कार्यों का हुआ सम्मान
दुर्गापुर (अंडाल) : दुर्गापुर इस्पात ताप विद्युत केंद्र (डीएसटीपीएस), डीवीसी, अंडाल में शुक्रवार को मुंशी प्रेमचंद जयंती समारोह-सह-पुरस्कार वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। राजभाषा कार्यान्वयन उपसमिति की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं मुंशी प्रेमचंद के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया।

मुख्य महाप्रबंधक एवं परियोजना प्रधान अनिल कुमार जैन ने कहा कि मुंशी प्रेमचंद भारतीय समाज की संवेदनाओं, मानवीय मूल्यों और सामाजिक चेतना के सशक्त हस्ताक्षर थे। उन्होंने कर्मचारियों से अपने कार्य में ईमानदारी, संवेदनशीलता और सच्चाई को अपनाने का आह्वान किया।
इस अवसर पर 30 जुलाई को आयोजित 'कलम के सिपाही: प्रेमचंद ज्ञान-प्रश्नोत्तरी' प्रतियोगिता के विजेताओं एवं निर्णायकों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन एवं धन्यवाद ज्ञापन हिंदी अधिकारी मो. इस्माईल मियाँ ने किया।

इसी दिन आयोजित नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति (नराकास), दुर्गापुर की बैठक में डीएसटीपीएस, डीवीसी, अंडाल को राजभाषा नीति के उत्कृष्ट कार्यान्वयन के लिए "राजभाषा द्वितीय पुरस्कार" से सम्मानित किया गया। यह सम्मान अक्तूबर-दिसंबर 2025 एवं जनवरी-मार्च 2026 की समीक्षा अवधि के लिए उत्पादन एवं आपूर्ति संवर्ग में प्रदान किया गया।
मुख्य महाप्रबंधक एवं परियोजना प्रधान अनिल कुमार जैन तथा हिंदी अधिकारी मो. इस्माईल मियाँ ने नराकास के अध्यक्ष सुरजित मिश्रा से पुरस्कार शील्ड प्राप्त की। दोनों अधिकारियों को व्यक्तिगत प्रशस्ति-पत्र से भी सम्मानित किया गया। साथ ही, नराकास स्तरीय प्रतियोगिता की सांत्वना पुरस्कार विजेता अनुपमा तिवारी को भी सम्मानित किया गया।

इस उपलब्धि पर अनिल कुमार जैन ने कहा कि यह सम्मान पूरी टीम की मेहनत और हिंदी के प्रति समर्पण का परिणाम है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि डीएसटीपीएस भविष्य में भी राजभाषा हिंदी के प्रचार-प्रसार में अग्रणी भूमिका निभाता रहेगा।
What's Your Reaction?